'हमसे हलफनामा मांगा गया, भाजपा नेताओं से क्यों नहीं?' राहुल गांधी का चुनाव आयोग से सवाल
बिहार के औरंगाबाद में एक बार फिर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद उस पर निशाना साधा। राहुल गांधी ने कहा कि जब उन्होंने वोट चोरी का पर्दाफाश करने के लिए संवाददाता सम्मेलन किया था, तो उनसे हलफनामा देने के लिए कहा गया। लेकिन भाजपा नेताओं से ऐसी कोई मांग नहीं की गई थी, जिन्होंने अपने संवाददाता सम्मेलन में इसी तरह के दावे किए थे। लोकसभा में विपक्ष के नेता ने यह भी आरोप लगाया कि बिहार में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) राज्य के लोगों के वोट चुराने का एक तरीका है। उन्होंने कहा, आज चुनाव आयोग ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि सरकार ने चुनाव प्रक्रिया के सीसीटीवी फुटेज संबंधी कानून में बदलाव क्यों किया? उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार 2023 में एक कानून लेकर आई, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई भी चुनाव निकाय के खिलाफ कार्रवाई न कर सके क्योंकि यह भाजपा की मदद कर रहा है और उनके साथ वोट चोरी में लिप्त है।राहुल गांधी ने एक बार फिर चुनाव आयोग पर भाजपा के साथ मिलकर वोट चोरी का आरोप लगाया। रविवार को बिहार के सासाराम में वोट चोरी के खिलाफ वोटर अधिकार यात्रा की शुरुआत करते हुए राहुल ने कहा कि अब पूरा देश जानता है कि चुनाव आयोग भाजपा के साथ मिलीभगत करके चुनाव चुरा रहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि विपक्षी इंडिया गठबंधन उन्हें एसआईआर के माध्यम से मतदाताओं को जोड़ने और हटाने के माध्यम से बिहार विधानसभा चुनावों को चुराने के उनके षड्यंत्र में सफल नहीं होने देगा।