CM के हेलीकॉप्टर की इमरजेंसी लैंडिंग, जाने क्यों हुआ ऐसा
मध्य प्रदेश में मानसून की एंट्री होने के बाद लगातार बारिश का दौर जारी है। कई जिलों में भारी बारिश की वजह से नदी नाले उफान पर आ गए हैं। रविवार को प्रदेश के 22 से ज्यादा जिलों में पानी गिरा। टीकमगढ़ में 9 घंटे के दौरान 2 इंच बारिश हुई। जबकि मंडला में डेढ़ इंच, नर्मदापुरम में 1.4 इंच, ग्वालियर में 1 इंच, भोपाल-रायसेन में पौन इंच बारिश दर्ज की गई। खराब मौसम के कारण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के हेलीकॉप्टर की दोपहर पिपरिया हेलीपैड पर इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। इसके बाद वे परिवार के साथ सड़क मार्ग से पचमढ़ी हिल स्टेशन पहुंचे। उज्जैन के श्री महाकालेश्वर मंदिर में पालकी हॉल से एम्बुलेंस गेट तक निर्मित टनल परिसर की छत का पीओपी सुबह अचानक गिर गया। कुछ दिन से टनल परिसर की छत से पानी का रिसाव हो रहा था, जिससे पीओपी ने छत छोड़ दी। मौसम विभाग के सीनियर वैज्ञानिक वेद प्रकाश ने बताया कि प्रदेश के ऊपर से एक लो प्रेशर एरिया (कम दबाव का क्षेत्र) गुजर रहा है। वहीं, पश्चिमी हिस्से से टर्फ की एक्टिविटी है। ये दोनों ही सिस्टम स्ट्रॉन्ग है। इस वजह से पूर्वी और उत्तरी हिस्से में अति भारी या भारी बारिश का अलर्ट है। इसके अलावा एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन और टर्फ भी सक्रिय है, जो पूरे प्रदेश में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश करा रहे हैं।
अगले 3 दिन ऐसा रहेगा मौसम
23 जून : शिवपुरी, अशोकनगर और सागर में अति भारी बारिश का रेड अलर्ट है। ग्वालियर, मुरैना, श्योपुर, गुना, पन्ना में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट है। विदिशा, रायसेन, दमोह, छतरपुर, सतना, रीवा और मऊगंज में भारी बारिश हो सकती है। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, जबलपुर समेत अन्य जिलों में आंधी-बारिश हो सकती है।
24 जून : शहडोल, सागर, गुना, अशोकनगर औ शिवपुरी में अति भारी बारिश का अलर्ट है। ग्वालियर, दतिया, विदिशा, राससेन, दमोह, पन्ना, कटनी, उमरिया, अनूपुपर में तेज बारिश का दौर जारी रहेगा। भोपाल, इंदौर समेत प्रदेश के अन्य जिलों में भी मौसम बदला रहेगा।
25 जून : पन्ना में अति भारी बारिश और गुना, अशोकनगर, सागर, दमोह, छतरपुर में भारी बारिश का अलर्ट है। अन्य जिलों में भी मौसम बदला रहेगा।