बाढ़ में फंसे 125 लोगों को निकाला, 400 अब भी पानी से घिरे
प्रदेश के कई जिलों में पिछले दो दिनों से हो रही भारी बारिश से जन जीवन अस्त व्यस्त हो गया। 15 जिलों में बाढ़ के हालात पैदा हो गए हैं। राहत व बचाव के लिए विभिन्न एजेंसियों को तैनात किया गया है। ग्वालियर जिले की डबरा तहसील के ग्राम सेंकरा और खेड़ीरायमल में बाढ़ के कारण फंसे 125 लोगों को गुरुवार को सुरक्षित निकाल लिया गया। हालांकि, 400 लोग अब भी विभिन्न स्थानों पर बाढ़ में फंसे होने की सूचना है। ग्वालियर जिला प्रशासन, जनपद पंचायत और एसडीआरएफ की संयुक्त टीमों ने इस रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम दिया। हैदराबाद से विमान से पहुंची एनडीआरएफ की टीम की मदद की जरूरत नहीं पड़ी। ग्वालियर जिले के अन्य बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से अब तक कुल 525 से अधिक लोगों को बचाया जा चुका है। इन सभी लोगों को अस्थायी राहत शिविरों में सुरक्षित आश्रय प्रदान किया गया है, जहां उनके लिए खाद्य पदार्थों और दवाओं की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। प्रशासन द्वारा जलभराव से प्रभावित क्षेत्रों में निरंतर भ्रमण किया जा रहा है। डबरा तहसील में कुछ और जगह लगभग 400 लोग स्थानीय नदी का जल स्तर बढ़ने से फंसे हुए हैं। इनका रेस्क्यू किया जाना है।
इन जिलों में बाढ़ के हालात
गुरुवार को प्रदेश के 15 जिलों पन्ना, श्योपुर, मुरैना, ग्वालियर, दतिया, भिंड, छिंदवाड़ा, शिवपुरी, गुना, सागर, बालाघाट, राजगढ़, रायसेन, नरसिंहपुर तथा दमोह में बाढ़ की स्थिति निर्मित हो गई। इन जिलों में एसडीईआरएफ द्वारा खोज एवं बचाव ऑपरेशन किया जा रहा है।
एनडीआरएफ की टीमें पहुंचीं
एनडीआरएफ की एक टीम टीकमगढ़ से डबरा, ग्वालियर पहुंची है। एक टीम छतरपुर से राहत बचाव कार्य के बाद टीकमगढ़ पहुंच गई है। एक टीम जबलपुर से बालाघाट पहुंच कर राहत एवं बचाव का कार्य कर रही है। एक टीम डिंडौरी और एक टीम भोपाल के लिए आरक्षित है। दो अतिरिक्त टीमें ग्वालियर रवाना हो चुकी हैं।